निर्दयता की हद पार! 11 साल के मासूम की हत्या से गौलापार में उबाल – सिर और हाथ लापता, सड़क पर उतरे सैकड़ों लोग
हल्द्वानी – गौलापार का पश्चिमी खेड़ा गांव बुधवार को आक्रोश की आग में जल उठा। सोमवार से लापता 11 वर्षीय मासूम का शव जब घर के पास एक खेत में बोरे से बरामद हुआ, तो पूरे इलाके में मातम और गुस्से की लहर दौड़ गई। लेकिन इस दिल दहला देने वाली वारदात को और भी खौफ़नाक बना दिया उस भयानक सच्चाई ने—शव से सिर और एक हाथ गायब था।
मंगलवार को शव मिलने के बाद से ही गांव में तनाव था, लेकिन बुधवार को लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। परिजन और सैकड़ों ग्रामीण काठगोदाम की मल्ली पुलिस चौकी के पास सड़क पर उतर आए। उन्होंने पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और करीब एक घंटे तक सड़क जाम रखी।
“संदिग्धों को चाय-नाश्ता, हमें सिर्फ आश्वासन!”
प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि पुलिस मामले को गंभीरता से नहीं ले रही है। ग्रामीणों ने दावा किया कि पुलिस हिरासत में लिए गए संदिग्धों को आराम से चाय-नाश्ता करा रही है, जबकि पीड़ित परिवार दर-दर भटककर न्याय की गुहार लगा रहा है।
गहरे गड्ढे में मिला था बोरे में बंद शव
लापता होने के दो दिन बाद मंगलवार को बच्चे का शव एक खेत के गहरे गड्ढे से बरामद हुआ। बोरे में बंद शव देखकर गांव में सन्नाटा पसर गया। सबसे डरावनी बात – सिर और एक हाथ कहीं ग़ायब थे। अभी तक शव के बाकी अंगों का कोई सुराग नहीं है, जिससे परिजनों की पीड़ा और बढ़ गई है।
प्रशासन मौके पर, लेकिन गुस्सा थमा नहीं
प्रदर्शन की सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने आरोपियों को जल्द पकड़ने और शव के लापता अंगों की तलाश का आश्वासन दिया। आश्वासन के बाद जाम तो हटा, लेकिन लोगों का गुस्सा ठंडा नहीं पड़ा।
परिजनों का साफ कहना है –
“जब तक दोषियों को फांसी नहीं होती और हमारे बच्चे का पूरा शव हमें नहीं मिलता, तब तक हम चुप नहीं बैठेंगे।”
चीफ एडिटर राहुल दुमका







